ग्वालियर।
मध्य प्रदेश के ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर एक बार फिर अपने चिर-परिचित और अनोखे अंदाज को लेकर सुर्खियों में हैं। ग्वालियर के दौरे पर निकले मंत्री जी अचानक एक बस्ती में पहुंचे और भूख लगने पर प्रोटोकॉल तोड़कर जमीन पर ही बैठ गए। उन्होंने बिना किसी तामझाम के एक स्थानीय नागरिक के घर में प्याज, नमक और हरी मिर्च के साथ सूखी रोटी खाई।
खुद शेयर किया वीडियो, कैमरे में कैद हुई 'सादगी'
मंत्री की इस 'जमीनी सादगी' का पूरा नजारा वहां मौजूद कैमरों में कैद किया गया। बाकायदा फोटो खींचे गए और वीडियो बनाए गए, जिसे बाद में खुद ऊर्जा मंत्री ने अपने ऑफिशियल सोशल मीडिया अकाउंट्स पर पोस्ट किया। वीडियो के सामने आते ही सियासी और सामाजिक हलकों में इस पर चर्चाएं तेज हो गई हैं।
समर्थकों के लिए 'नेता जी का बड़प्पन', विपक्ष ने बताया 'पब्लिसिटी स्टंट'
वीडियो वायरल होने के बाद जहां मंत्री के समर्थक इसे उनकी सादगी, जनता से जुड़ाव और जमीन से जुड़ा नेता होना बता रहे हैं, वहीं विपक्ष ने इसे विशुद्ध रूप से 'पब्लिसिटी स्टंट' करार दिया है। विपक्षी नेताओं का कहना है कि चुनाव और राजनीति में जनता को रिझाने के लिए अक्सर बड़े नेताओं को 'गरीबी का स्वाद' चखने का नाटक करना पड़ता है।
पहले भी कर चुके हैं ऐसे 'एक्शन'
यह कोई पहली बार नहीं है जब प्रद्युम्न सिंह तोमर इस तरह चर्चा में आए हों। वे अपनी सार्वजनिक गतिविधियों के लिए जाने जाते हैं। इससे पहले भी कभी वे खुद हाथ में झाड़ू थामकर सड़क साफ करते, कभी गंदे नालों में उतरकर नाली साफ करते, तो कभी बिजली के खंभे पर चढ़ते नजर आ चुके हैं। अब इस ताजा 'प्याज-रोटी' वाले घटनाक्रम ने मध्य प्रदेश की राजनीति में एक नई बहस छेड़ दी है।