सनातन धर्म में बहुत कमियां हैं, मैं किसी मजहब के पक्ष में नहीं, ऐसा क्यों बोल गये बाबा बागेश्वर
इंदौर।
सनातन धर्म की लगातार पैरवी करने वाले पंडित धीरेंद्र शास्त्री ने संतों के विवाद पर नाराजगी जताई. उन्होंने पहली बार सनातन की कमियां सार्वजनिक रूप से स्वीकार की है. धीरेंद्र शास्त्री सोमवार को धार के मोहनखेड़ा तीर्थ के प्रवास पर थे. यात्रा के दौरान धीरेंद्र शास्त्री इंदौर एयरपोर्ट पहुंचे. यहां भक्तों ने उनका भव्य स्वागत किया और दर्शन के लिए लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी. यहां बागेश्वर बाबा ने साधु संतों की आपसी लड़ाई को सनातन के लिए घातक बताया. साथ ही कहा "सनातन धर्म में कई कमियां हैं, इसमें सुधार की जरूरत है."
संतों की लड़ाई सनातन के लिए घातक
धार के मोहनखेड़ा तीर्थ की यात्रा के दौरान बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेन्द्र शास्त्री इंदौर पहुंचे. यहां उन्होंने संतों के विवाद पर पीड़ा जाहिर की. बागेश्वर बाबा ने कहा कि "अभी सनातन में बहुत सुधार की आवश्यकता है. ये साधु जो लड़कर एक-दूसरे की निंदा कर रहे हैं, वो सनातन के लिए बहुत घातक हैं. पुरानी कुरीतियां जैसे बलि प्रथा हमारे सनातन की सबसे बड़ी कमी है, इसे दूर करने की जरूरत है.
'मैं किसी मजहब के पक्ष में नहीं'
मंदिरों के जीर्णोद्धार पर बोलते हुए बाबा बागेश्वर ने कहा, "नए मंदिर तो बनाए जा रहे हैं और पुराने मंदिरों का जीर्णोद्धार बंद हो गया है. ये सबसे बड़ी कमी है. वर्तमान दौर में हमारे मंदिर देवालय और तीर्थ केवल अब पिकनिक स्पॉट बन कर रह गए हैं. ये आस्था के केंद्र नहीं बन रहे हैं." आगे उन्होंने कहा, "हमारे यहां के लोग एक दूसरे को ज्ञान देते हैं, लेकिन विश्व गुरु बनने के लिए उस ज्ञान का उपयोग नहीं करते हैं. मैं किसी मजहब के पक्ष में नहीं हूं, मैं हमेशा से सनातन के पक्ष में था हूं और आगे भी रहूंगा. लेकिन जो बात सच है उसे बोलने से चूकता भी नहीं हूं."
संतों की लड़ाई पर कही बड़ी बात
संतों के विवाद पर धीरेंद्र शास्त्री ने कहा, "संतों का जो विवाद वह मीडिया में देख सुन रहे हैं. वह बहुत पीड़ादायक है. यह सनातन के लिए बिल्कुल भी ठीक नहीं है." आगे उन्होंने कहा, "संतों के विवाद पर बोलने की हमारी औकात नहीं है, क्योंकि अभी हम संत नहीं बन पाए हैं. संत बनने की कोशिश कर रहे हैं, पता नहीं कब बन पाएंगे. क्योंकि हम वाणी नहीं आचरण से संत बनना चाहते हैं. अभी हम आचरण से संत नहीं बन पाए हैं, तो किसी संत पर टिप्पणी भी नहीं कर पाएंगे."

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