भोपाल। 
इंदौर में दूषित पानी से हुई मौत के मामले में हटाए गए आईएएस दिलीप यादव को महत्वपूर्ण जिम्मेदारी दिए जाने को लेकर कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने सरकार पर जबरदस्त हमला बोला है. जीतू पटवारी ने कहा कि प्रदेश में दो बड़ी घटना हुई. पहली छिंदवाड़ा में जिसमें 23 बच्चों की मौत हुई. दूसरी घटना इंदौर की हुई. जहां दूषित पानी से 24 लोगों की जान चली गई. दोनों घटनाओं में सरकार ने दोषी मानकर जिन अधिकारियों को हटाया, उन्हें तत्काल नए पद से पारितोषित कर दिया गया. इंदौर से हटाए गए दिलीप कुमार यादव को सरकार ने पर्यटन विकास निगम का प्रबंध संचालक बना दिया.
जीतू बोले हत्यारे सिस्टम को किया पारितोषित
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी अपने निवास पर मीडिया से रूबरू हुए. इस दौरान उन्होंने इंदौर दूषित कांड में हटाए गए आईएएएस अधिकारी को नई पदस्थापना दिए जाने के मामले में सरकार पर हमला बोला. उन्होंने कहा कि "मैं अधिकारियों के खिलाफ बात नहीं करना चाहता. मैं बार-बार कहता हूं. यह हत्यारी सरकार है. यह हत्या करती है और हत्या करने वाले उस सिस्टम को पारिपोषित करती है. एक मंत्री, जो स्वास्थ्य विभाग के थे. यदि 23 बच्चों की मौत के मामले में सजा दी जाती, तो दूसरे मंत्री अपने मंत्रालय को ठीक चलाते. अपने अधिकारियों को खींचकर रखते, लेकिन 24 मौतों के बाद मंत्री ने जिस तरह अभ्रदता की, उसको पूरे देश ने देखा. मुख्यमंत्री ने उन मौतों का किसी को भी दोषी नहीं ठहराया. इसके उलट अधिकारियों को पारितोषित कर दिया. मैं मुख्यमंत्री की निंदा करता हूं.
जीतू बोले दुखी होकर कह रहा हूं, सीएम को शर्म आनी चाहिए
जीतू पटवारी ने कहा कि मैं बार-बार कह रहा हूं कि गृहमंत्री रहने लायक नहीं है. यह पद किसी और को दिया जाए, लेकिन अब मोहन यादव को मुख्यमंत्री पद का अहसास नहीं है. मुख्यमंत्री को शर्म आनी चाहिए, मैं बहुत दुख से इस शब्द का उपयोग कर रहा हूं. 15 दिन में उस अधिकारी को पारितोषित कर दिया, जिसको सजा दी गई थी. यानी उन मौतों का कोई जिम्मेदार नहीं है. क्या उन लोगों ने आत्महत्या की थी. यह गजब का संयोग है.