नई दिल्ली। 
लोकसभा में अमित शाह ने तीन बिल पेश किए तो विपक्ष ने उसकी कॉपी फाड़कर कागज गृह मंत्री पर उछाल दिए। कुछ विपक्षी सांसदों ने कागज के गोले बनाकर भी उन पर फेंके। इसके बाद बिल जेपीसी को भेज दिया गया। इन बिलों में प्रावधान है- पीएम, सीएम या कोई भी मंत्री किसी ऐसे क्राइम में अरेस्ट या 30 दिन तक हिरासत में रहते हैं, जिसमें पांच साल तक सजा हो, उसे पद से हटा दिया जाएगा। पूरी खबर पढ़ें... इससे पहले सूचना मंत्री अश्विनी वैष्णव ने ऑनलाइन मनी गेम्स पर पूरी तरह से बैन लगाने वाले ऑनलाइन गेमिंग प्रमोशन और रेगुलेशन बिल, 2025 पेश किया। इसके अलावा संसद में विपक्ष का वोटर वेरिफिकेशन और वोट चोरी पर विरोध जारी है।
लोकसभा से ऑनलाइन गेमिंग पर बैन लगाने वाला बिल पास
लोकसभा की कार्यवाही 5 बजे फिर से शुरू हुई। सदन में केंद्रीय सूचना मंत्री अश्विनी वैष्णव ने ऑनलाइन गेमिंग पर बैन लगाने वाले बिल को पारित कराने के प्रस्ताव रखा। इसके बाद बिल लोकसभा से पास हुआ। इस दौरान विपक्षी सांसद SIR मुद्दे को लेकर नारेबाजी भी करते रहे। बिल पास होने के बाद लोकसभा की कार्यवाही कल 21 अगस्त सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई।
अमित शाह ने लोकसभा में 3 बिल पेश किए
लोकसभा में 2 बजे दोबारा कार्यवाही शुरू होने पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने संघ राज्यक्षेत्र शासन (संशोधन) बिल 2025, जम्मू-कश्मीर पुनर्गठन (संशोधन) बिल 2025 और संविधान (130वां संशोधन) बिल 2025 पेश किए। विपक्ष ने बिलों का विरोध किया। शाह ने तीनों बिलों को जेपीसी के पास भेजने की सिफारिश की। कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी ने कहा कि भारत का संविधान कहता है कि कानून का राज होना चाहिए। इसकी बुनियाद है कि जब तक गुनाह साबित नहीं हो जाता आप बेगुनाह हैं। उन्होंने कहा कि बिल संविधान के अनुच्छेद 21 का उल्लंघन करता है। यह बेहद संवेदनशील विधेयक है इसलिए इस पर पूरी चर्चा कराई जाए। इस बिल का इस्तेमाल राजनीतिक दुरुपयोग में किया जाएगा।