ग्वालियर। 
ग्वालियर में भाजपा विधायक प्रीतम लोधी ने पश्चिम बंगाल में मिली जीत को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व का परिणाम बताते हुए इसे “मोदी मैजिक” बताया। उन्होंने कहा कि नामुमकिन को मुमकिन बनाना मोदी जी की पहचान है और आने वाले समय में भाजपा पूरे देश में और मजबूत होगी। उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि अब उसके पास केवल आलोचना करने का काम रह गया है। इस दौरान प्रीतम लोधी अपने एक बयान को लेकर भी चर्चा में रहे। उन्होंने कहा कि मैंने नशे में पीएचडी की है। हालांकि, उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका मतलब नशे के दुष्प्रभाव को गहराई से समझने से है। उनके अनुसार, नशा केवल बर्बादी की ओर ले जाता है और इसी वजह से अब वे इसके खिलाफ अभियान चलाएंगे। प्रीतम लोधी ने दो अभियानों की घोषणा की, पहला “लोधी मोदी जोड़ो यात्रा” और दूसरा “नशा मुक्ति अभियान”। उन्होंने बताया कि वे इन अभियानों के तहत ग्वालियर से दिल्ली तक पदयात्रा करेंगे। इस यात्रा का उद्देश्य समाज को जोड़ना और युवाओं को नशे से दूर रहने के लिए जागरूक करना बताया गया।
सीएम लोधी समाज से होना चाहिए
आजादी से पहले ही लोधी समाज का वीरता से भरा गौरवशाली इतिहास रहा है। रानी अवंती बाई लोधी से लेकर हीरन शाह सहित अनेक वीर योद्धाओं ने अपने साहस और बलिदान से देश का मान बढ़ाया है। वर्तमान की बात करें तो कल्याण सिंह ने राम मंदिर के मुद्दे पर मुख्यमंत्री पद तक छोड़ दिया था। वहीं उमा जी ने भी तिरंगे के सम्मान के लिए मुख्यमंत्री पद का त्याग किया। इसीलिए मैंने यह मांग उठाई है कि देश में कम से कम एक मुख्यमंत्री लोधी समाज से होना चाहिए।
पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह को भारत रत्न की मांग
पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह को लेकर भी उन्होंने बड़ा बयान दिया। प्रीतम लोधी ने कहा कि कल्याण सिंह ने राम मंदिर आंदोलन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और इसके लिए उन्होंने मुख्यमंत्री पद तक त्याग दिया। ऐसे में उन्हें भारत रत्न से सम्मानित किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि वे अपनी प्रस्तावित यात्रा के दौरान इस मांग को प्रमुखता से उठाएंगे। प्रीतम लोधी ने यह भी कहा कि जनसंघ, जनता पार्टी और भारतीय जनता पार्टी के लिए लोधी समाज ने हमेशा समर्पण के साथ काम किया है, इसलिए समाज को उचित सम्मान और भागीदारी मिलनी चाहिए।