धामनोद 
वीआईपी ड्यूटी पुलिस अधिकारियों के लिए सबसे कठिन जिम्मेदारी मानी जाती है। लेकिन इसी माहौल में कभी-कभी ऐसे दृश्य भी सामने आते हैं, जो पुलिस की छवि को और मानवीय बना देते हैं। 17 सितंबर को धार जिले के बदनावर के भैसोला गांव में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सभा थी। दुनिया के लोकप्रिय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को सुनने और देखने के लिए लाखों लोग इकट्ठा हुए थे । इस विशाल आयोजन में सुरक्षा के अभूतपूर्व इंतजाम किए गए थे। इसी भीड़भाड़ और सख्त प्रोटोकॉल के बीच, एक घटना ने, सबका दिल छू लिया। सभा स्थल पर मौजूद एक विकलांग व्यक्ति, जो हाथों के सहारे ज़मीन पर सरकते हुए पंडाल से बाहर निकलने की कोशिश कर रहा था। रास्ता लंबा और कठिन था। वहां मौजूद लोगों ने यह दृश्य देखा, लेकिन उसी समय ड्यूटी संभाल रहे धामनोद थाना प्रभारी टीआई प्रवीण ठाकरे की नज़र उस व्यक्ति पर पड़ी। टीआई ठाकरे ने, तुरंत उसके पास जाकर हाल पूछा। जब विकलांग ने बताया कि, सुरक्षा कारणों से उसे व्हीलचेयर उपलब्ध नहीं हो सकी और उसे अपने वाहन तक पहुंचने के लिए लंबा सफर तय करना है, तो उन्होंने बिना देर किए खुद उसे अपनी गोद में उठा लिया और उसे वाहन तक पहुँचाकर राहत दी। इस मानवीय पहल का वीडियो और तस्वीरें सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गईं। आम लोगों ने धामनोद टीआई ठाकरे की जमकर सराहना की।
इनका कहना है
पीएम मोदी का बदनावर में एक विजिट थी। उसमें मेरे द्वारा देखा गया कि, एक विकलांग हाथों के बल से सरकते हुआ पंडाल से बाहर की तरफ जा रहा था। रास्ता बहुत लंबा और मैंने उससे पूछा कि आपके पास व्हीलचेयर नहीं है उसका कहना था कि सुरक्षा कारणों से व्हीलचेयर हमें मिली नहीं है और काफी लंबा सफर तय करना है तो मुझे ऐसा लगा कि शायद वह परेशानी में था इसलिए मेरे द्वारा उठाकर उसकी गाड़ी तक छोड़ा गया । था
टीआई, प्रवीण ठाकुर, थाना धामनोद