दतिया।
 मध्य प्रदेश की दतिया विधानसभा उपचुनाव को लेकर कांग्रेस ने अपनी चुनावी तैयारियां तेज कर दी हैं। टिकट को लेकर बढ़ती दावेदारियों और संगठन के भीतर चल रही खींचतान के बीच शनिवार को दतिया के मोटल होटल में पार्टी का अहम कार्यकर्ता सम्मेलन आयोजित किया जा रहा है। माना जा रहा है कि इस बैठक में चुनावी रणनीति के साथ-साथ प्रत्याशी के नाम पर भी अंतिम सहमति बनाने की कोशिश होगी। बैठक की खास बात यह है कि इसमें प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी, पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह, नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार, पूर्व केंद्रीय मंत्री अरुण यादव और सांसद अशोक सिंह सहित कई वरिष्ठ नेता शामिल होंगे। पार्टी नेतृत्व का उद्देश्य स्थानीय नेताओं और कार्यकर्ताओं के बीच समन्वय स्थापित कर उपचुनाव में एकजुटता का संदेश देना है। दतिया सीट पर कांग्रेस के भीतर टिकट के कई दावेदार सक्रिय हैं। पूर्व विधायक घनश्याम सिंह और पूर्व राज्य मंत्री अवधेश नायक के नाम सबसे अधिक चर्चा में हैं। वहीं, राजेंद्र भारती के परिवार की ओर से भी मजबूत दावेदारी पेश की जा रही है। इसके अलावा जिलाध्यक्ष अशोक दांगी बगदा और शहर कांग्रेस अध्यक्ष अजय शुक्ला भी टिकट की दौड़ में शामिल बताए जा रहे हैं। राजनीतिक गलियारों में वर्ष 2023 के विधानसभा चुनाव की घटनाओं की भी चर्चा है। उस समय अंतिम चरण में टिकट वितरण को लेकर हुए घटनाक्रम के कारण अवधेश नायक को मौका नहीं मिल पाया था। यही वजह है कि इस बार वे संगठन के भीतर अपनी स्थिति मजबूत करने और समर्थकों के साथ सक्रिय रणनीति बनाने में जुटे हुए हैं। बैठक में विधायक सिद्धार्थ कुशवाहा, पूर्व मंत्री प्रियब्रत सिंह, जिला संगठन प्रभारी रामलखन दंडौतिया और विधानसभा प्रभारी दशरथ गुर्जर सहित कई वरिष्ठ पदाधिकारी भी मौजूद रहेंगे। सभी मोर्चा संगठनों और कार्यकर्ताओं को सुबह से ही सम्मेलन स्थल पर पहुंचने के निर्देश दिए गए थे। हालांकि, दोपहर तक वरिष्ठ नेताओं के पहुंचने का इंतजार जारी रहा और इस दौरान कार्यकर्ताओं के बीच संगठनात्मक मुद्दों पर चर्चा होती रही। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि दतिया उपचुनाव कांग्रेस के लिए केवल एक सीट का चुनाव नहीं, बल्कि संगठनात्मक एकजुटता की परीक्षा भी है। ऐसे में यदि बैठक के दौरान सभी गुटों के बीच सहमति बनती है, तो पार्टी जल्द ही अपने अधिकृत प्रत्याशी के नाम की घोषणा कर चुनावी अभियान को पूरी ताकत से आगे बढ़ा सकती है।