अमृतपाल सिंह की संसद सदस्यता पर फिलहाल कोई खतरा नहीं
चंडीगढ़। पंजाब के खडूर साहिब से सांसद अमृतपाल सिंह की संसद से लगातार गैरहाजिरी को लेकर मंगलवार को केंद्र सरकार ने स्पष्ट किया है कि उनकी सदस्यता पर तत्काल कोई खतरा नहीं है। अदालत को बताया गया कि सांसद के पास अभी भी अनुपस्थिति की माफी के लिए आवेदन करने का विकल्प उपलब्ध है, जिसे सामान्यत: स्वीकार कर लिया जाता है। अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल सत्य पाल जैन ने कोर्ट को बताया कि अमृतपाल अब तक 59 बैठकों से अनुपस्थित रहे हैं और 60वीं बैठक की सीमा 24 मार्च को पूरी हो रही है। संसद के नियमों के अनुसार यदि कोई सदस्य लगातार 60 बैठकों तक अनुपस्थित रहता है तो उसकी सीट खाली घोषित की जा सकती है। हालांकि यह प्रावधान स्वत: लागू नहीं होता और इसमें संसदीय प्रक्रिया भी शामिल होती है। केंद्र की ओर से यह भी स्पष्ट किया गया कि संसद में अनुपस्थिति माफी समिति गठित है जो ऐसे मामलों पर विचार करती है। समिति बीमारी, दुर्घटना या हिरासत जैसी परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए सिफारिश करती है और पूर्व में भी अमृतपाल की अनुपस्थिति को माफ किया जा चुका है। यह मामला उस याचिका के संदर्भ में महत्वपूर्ण हो जाता है जिसमें अमृतपाल सिंह ने संसद के बजट सत्र में शामिल होने के लिए अस्थायी रिहाई (पैरोल) की मांग की है। उन्होंने अदालत में दायर याचिका में कहा है कि वह 19 लाख मतदाताओं का प्रतिनिधित्व करते हैं और उनकी निरंतर हिरासत लोकतांत्रिक अधिकारों का उल्लंघन है।

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