आज बाजार से 4000 करोड़ उठाएगी मोहन सरकार:तीन हिस्सों में लिया जाएगा कर्ज, नौ माह में 53100 करोड़ रुपए बाजार से उठाए
भोपाल।
मध्यप्रदेश की मोहन यादव सरकार के लिए नए साल का पहला मंगलवार कर्ज के बोझ के साथ शुरू हो रहा है। सरकार मंगलवार को बाजार से 4 हजार करोड़ रुपए का नया कर्ज लेने जा रही है। कर्ज की राशि बुधवार को मिलेगी। चालू वित्त वर्ष में 1 अप्रैल से 31 दिसंबर 2025 तक प्रदेश सरकार पहले ही 53100 करोड़ रुपए का कर्ज ले चुकी है। मंगलवार को लिए जाने वाले नए कर्ज के बाद यह आंकड़ा बढ़कर 57100 करोड़ रुपए तक पहुंच जाएगा।
तीन अलग-अलग अवधि का कर्ज लेगी सरकार
रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया के माध्यम से सरकार आज तीन हिस्सों में कर्ज लेने जा रही है। इसमें पहले और दूसरे कर्ज की राशि 1500-1500 करोड़ रुपए होगी, जबकि तीसरा कर्ज 1,000 करोड़ रुपए का रहेगा।
- पहला 1500 करोड़ रुपए का कर्ज 4 साल की अवधि के लिए लिया जाएगा।
- दूसरा 1500 करोड़ रुपए का कर्ज 12 साल की अवधि का होगा।
- तीसरा 1000 करोड़ रुपए का कर्ज 18 साल की लंबी अवधि के लिए लिया जा रहा है।
इन सभी कर्ज पर लगने वाले ब्याज का भुगतान सरकार हर साल जुलाई और जनवरी में छमाही आधार पर करेगी। राज्य सरकार की बढ़ती उधारी एक बार फिर वित्तीय प्रबंधन और कर्ज के दबाव को लेकर सवाल खड़े कर रही है, खासकर तब जब चालू वित्त वर्ष में कर्ज का आंकड़ा लगातार बढ़ता जा रहा है।

