दमोह। 
एआई (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) से बनाए गए एक वीडियो ने इस कदर तहलका मचा दिया कि मामले ने राजनीतिक मोड़ ले लिया है. शनिवार को वायरल हुए मीम पोस्ट को लेकर हुए विवाद में एक युवक से दूसरे युवक के पैर धुलवाए गए और उसे वही पानी पिलाया गया. मामले में चार लोगों के विरुद्ध मामला दर्ज किया गया है. अब इसमें कांग्रेस बीजेपी के साथ सामाजिक संगठन भी आमने-सामने आ गए हैं. विवाद के बाद पुलिस ने सभी से शांति बनाए रखने की अपील की है.
युवक का AI वीडियो बनाकर किया शेयर
घटना शनिवार की बताई जा रही है. पटेरा ब्लॉक के अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत सतरिया के ग्राम मडिया पुरन के रहने वाले एक लड़के दयाराम (काल्पनिक नाम) ने एक वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर अपलोड कर दिया था. जिसके बाद बवाल मच गया. बाद में पंचायत के दवाब में युवक ने संबंधित व्यक्ति के पैर धोए और माफी मांगी. लेकिन मामले ने जल्द ही राजनीतिक रंग ले लिया. मडिया पुरन के रहने वाले युवक दयाराम ने दो दिन पहले एआई से एक वीडियो बनाया था. जिसमें ग्राम के ही एक युवक अन्नू पांडे को जूते की माला पहनकर दिखाया गया था.
वीडियो शेयर करने की पंचायत ने दी सजा
इस वीडियो को उसने इंस्टाग्राम पर अपलोड कर दिया. इसके बाद वीडियो खूब वायरल हुआ. जब यह बात अन्नू पांडे को पता चली तो वह पंचायत के पास गया और मामले में पुलिस प्राथमिकी की दर्ज करने की बात कही. लेकिन पंचायत एवं ग्राम के लोगों ने मिलकर मामले को वहीं पर रफा दफा करने का निर्णय लिया. इसके साथ ही वीडियो बनाने वाले युवक दयाराम और उसके परिजन को बुलाया गया. जिसमें युवक ने अपनी गलती स्वीकार की तथा तुरंत ही वीडियो को इंस्टाग्राम से हटा लिया. लेकिन साथ ही पंचायत में यह भी फैसला सुनाया की गलती की है इसलिए इसकी सजा भी मिलना चाहिए.
युवक से धुलवाए व्यक्ति के पैर, वही पानी पिलाया
बदले में दयाराम से अन्नू पांडे के भरी पंचायत में पैर धुलवाए गए और उसी पानी को पिलवाया गया. लेकिन जब इस मामले में राजनीति शुरू हुई तो दयाराम ने एक और वीडियो बनाया और उसको सोशल मीडिया पर वायरल किया. जिसमें उसने स्पष्ट रूप से स्वीकार किया की वीडियो बनाने की उसने गलती की थी जो उसे नहीं करना थी. इस मामले में वह किसी तरह की कोई राजनीति नहीं चाहता है. मामले को यहीं खत्म किया जाए. जिस व्यक्ति के मैंने पैर धुले हैं वह मेरे पारिवारिक गुरु हैं इसलिए मामले को राजनीतिक हवा न दें. जब वीडियो वायरल हुआ तो कांग्रेस और भाजपा दोनों ने ही ट्वीट के माध्यम से राजनीति शुरू कर दी है. कांग्रेस ने बीजेपी पर कार्यवाही न करने के आरोप लगाए तो वहीं भाजपा ने पलटवार करते हुए भाजपा की जीरो टॉलरेंस नीति के तहत हवाला दिया कि प्रकरण दर्ज कर लिया है. कार्यवाही पुलिस द्वारा की जा रही है. मामले में मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने भी ट्वीट किया था. इस पूरे मामले में पुलिस ने पहले ही दिन मामले को संज्ञान में लेकर उसकी गंभीरता को देखते हुए पटेरा थाना प्रभारी को जांच के आदेश दिए थे.
सतरिया गांव में शराबबंदी लागू थी, अन्नू पांडे पर शराब बेचने के आरोप लगे थे. जिस पर ग्राम सभा ने फैसला लेते हुए उस पर सजा के साथ अर्थदंड लगाया था. इसी घटना पर दयाराम ने उसका मीम बनाकर वायरल कर दिया था. कुछ लोगों ने इसे समस्त ब्राह्मण समाज का अपमान बताया. जिस पर पंचायत ने युवक को सजा दी.