विदिशा।
बहन, अपनी भाभी के लिए सुंदर सी चूड़ियां निकाल दो! पूर्व सीएम और केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान विदिशा में पत्नी साधना सिंह के लिए चूड़ियां खरीदते नजर आए। उन्होंने एक मनिहारी की दुकान पर महिला को अपनी बहन बताते हुए हालचाल पूछा। फिर बोले, बहन भाभी के लिए चूड़ियां निकाल दो।
राजनीति में 'मामा' के नाम से विख्यात और केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान का एक बार फिर बेहद भावुक और जमीन से जुड़ा अंदाज सामने आया है, जिसे देख सोशल मीडिया पर लोग उनकी सादगी की तारीफ करते नहीं थक रहे हैं। विदिशा के दौरे पर निकले शिवराज सिंह चौहान अचानक सड़क किनारे मनियारी (चूड़ी) की दुकान लगाने वाली एक गरीब स्ट्रीट वेंडर बहन के पास जा पहुंचे। वहां उन्होंने न सिर्फ उस महिला को अपनी सगी बहन बताते हुए उसका हाल-चाल जाना, बल्कि अपनी धर्मपत्नी साधना सिंह के लिए फुटपाथ पर खड़े होकर बड़े चाव से कांच की खूबसूरत चूड़ियां भी खरीदीं।
विदिशा में स्ट्रीट वेंडरों के बीच पहुंचे थे
शिवराज सिंह चौहान बीते जब विदिशा की सड़कों पर घूमकर स्ट्रीट वेंडरों से मुलाकात कर रहे थे, तभी उनकी नजर एक महिला वेंडर पर पड़ी जो कांच की रंग-बिरंगी चूड़ियां बेच रही थी। शिवराज तुरंत उसके पास पहुंचे और आसपास खड़े लोगों से मुस्कुराते हुए बोले, 'यह मेरी बहन है, मैं जब भी आता हूं इससे जरूर मिलता हूं।'
अपनी भाभी के लिए सुंदर चूड़ियां निकाल दो
शिवराज सिंह चौहान ने महिला से कहा, बहन, 'अपनी भाभी (साधना सिंह) के लिए कुछ बहुत सुंदर सी कांच की चूड़ियां निकाल दो।' महिला ने पूछा आप अपनी पसंद की निकाल लीजिए। शिवराज ने कहा, तुम ही पंसद करके दे दो। उन्होंने दुकान से 30 रुपए दर्जन के हिसाब से मोल-भाव किए बिना बेहद सादगी से चूड़ियां खरीदीं और पैसे चुकाए।
बहन के स्वाभिमान को किया सलाम
इस खूबसूरत मुलाकात की तस्वीरें और बातें खुद शिवराज सिंह चौहान ने अपने सोशल मीडिया हैंडल पर साझा कीं। उन्होंने लिखा, 'आज विदिशा में एक स्ट्रीट वेंडर बहन की दुकान पर कुछ खूबसूरत चूड़ियां दिखीं, तो अपनी धर्मपत्नी के लिए उन्हें लेने से खुद को रोक नहीं पाया। एक भाई के नाते जब अपनी इन बहनों को कड़ी मेहनत कर आत्मनिर्भर बनते देखता हूं, तो मन गर्व से भर जाता है। मेरी बहन, आपके स्वाभिमान और जज्बे को प्रणाम!