रायपुर। 
मध्य प्रदेश के बागेश्वर धाम पीठाधीश्वर पंडित धीरेंद्र शास्त्री ने हाल ही में एक बयान दिया है। जिसके बाद सियासी गलियारों में हलचल बढ़ गई है। धीरेंद्र शास्त्री ने कहा है कि हिंदुओं को गुलामी की आदत लग गई है, उन्हें बार-बार जगाना पड़ता है। यही नहीं उन्होंने सनातन धर्म की कमियां भी गिनाईं। इन कमियों को गिनाते हुए उन्होंने बताया कि क्यों हिंदू सनातन धर्म को छोड़ धर्मांतरण कर रहे हैं। जानें और क्या बोले पंडित धीरेंद्र शास्त्री.. बता दें कि पंडित धीरेंद्र शास्त्री इन दिनों छत्तीसगढ़ में हैं। वे यहां आयोजित अपनी धर्मसभा में और प्रेस वार्ता में मीडिया के सवालों का जवाब देते हुए अपने बयानों को लेकर चर्चा में हैं।
हिंदुओं को गुलामी की आदत…
धीरेंद्र शास्त्री ने सभा से पहले यहां आयोजित प्रेस वार्ता में कहा कि हिंदुओं को गुलामी की आदत लग गई है। उन्हें बार-बार जगाना पड़ता है। बोले इसीलिए हमने पदयात्रा करना शुरू की है। उनके इस बयान ने उनके विरोधियों और समर्थकों दोनों को ही एक्टिव कर दिया है। जहां विरोधी उनके इस बयान को विवादास्पद कह रहे रहे हैं, तो उनके समर्थकों ने इस बयान को धार्मिक जागृति का आह्वान माना है।
छत्तीसगढ़ ऐसी भूमि, जहां हमने हिंदू राष्ट्र का संकल्प लिया
उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ ही ऐसी भूमि है, जहां से हमने पूरे भारत को बदलने और हिंदुओं को संगठित करने का प्रण और संकल्प लिया। भारतीयों तुम मेरा साथ दो, हम तुम्हें हिंदू राष्ट्र देंगे।
7 से 16 नवंबर तक दिल्ली से वृंदावन तक पदयात्रा
इस दौरान उन्होंने कहा कि वे 7 नवंबर से 16 नवंबर तक दिल्ली से वृंदावन तक पदयात्रा करेंगे। इस दौरान उन्होंने इच्छा जताई कि वे जल्द ही छत्तीसगढ़ की भी पदयात्रा करेंगे।
बोले -'हिंदू विरोधियों की बंधवाएंगे ठठरी और गठरी'
छत्तीसगढ़ में पंडित धीरेंद्र शास्त्री  ने विवादित बयान देते हुए कहा कि वे पद यात्रा करते हुए देश के कोने-कोने में जाएंगे। ऐसा कोई कोना नहीं बचेगा जहां वे नहीं जाएंगे। उन्होंने आगे कहा कि वे जहां-जहां जाएंगे वहां हिंदू विरोधियों की ठठरी और गठरी दोनों बनवाएंगे। या तो उनका देश निकाला करवाएंगे या फिर घर वापसी। बोले भगवान ने चाहा तो छत्तीसगढ़ जल्द ही ऐसी धरती होगी, जहां धर्मांतरण सबसे पहले बंद होगा।