जबलपुर।
कहते हैं राजनीति में जनता ही जनार्दन है, और जब वही जनता नाराज हो जाए तो बड़े-बड़े दिग्गजों के पसीने छूट जाते हैं। कुछ ऐसा ही नजारा संस्कारधानी जबलपुर में देखने को मिला, जहाँ प्रदेश के कद्दावर मंत्री राकेश सिंह का पारा सातवें आसमान पर पहुँच गया। वजह थी—इलाके की गंदगी और सफाई कर्मचारियों की लापरवाही।
कार में बैठे-बैठे ही बरसे मंत्री जी
दरअसल, मंत्री राकेश सिंह अपने क्षेत्र के दौरे पर थे, तभी स्थानीय लोगों ने उन्हें घेर लिया और गंदगी का अंबार दिखा दिया। जनता की शिकायत सुनते ही मंत्री जी का धैर्य जवाब दे गया। उन्होंने तुरंत सफाई कर्मचारियों को तलब किया। जब कर्मचारियों ने अपनी सफाई में दलीलें देनी शुरू कीं, तो मंत्री जी और भड़क गए। अपनी गाड़ी की खिड़की से ही उन्होंने कर्मचारियों को जमकर फटकार लगाते हुए कहा:फालतू की बात मत करो, तुम्हें शर्म नहीं आती? बार-बार मेरी नाक क्यों कटवाते हो? तुम्हारा काम साफ-सफाई करना है, तो फिर क्यों नहीं करते?"
जनता का पावर और मंत्री की चेतावनी
मंत्री जी अच्छी तरह जानते हैं कि जो जनता 'अर्श' पर बिठाती है, वही 'फर्श' पर लाने का माद्दा भी रखती है। मौके की नजाकत को भांपते हुए उन्होंने सख्त लहजे में चेतावनी दी कि अगर दोबारा शिकायत मिली, तो अंजाम अच्छा नहीं होगा।