नाथूराम गोडसे भारत का पहला आतंकवादी, इंदौर में बापू की पुण्यतिथि पर भड़के जीतू पटवारी का बड़ा हमला
इंदौर।
देश में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की पुण्यतिथि पर कई राजनीतिक कार्यक्रम आयोजित हुए। मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष जीतू पटवारी ने इंदौर में ऐसे ही एक कार्यक्रम के दौरान एक विवादित बयान दिया है। मीडिया से चर्चा करते हुए पटवारी ने नाथूराम गोडसे को 'भारत का पहला आतंकवादी' बता दिया। उन्होंने कहा कि गोडसे ने केवल गांधी जी के शरीर की नहीं, बल्कि सत्य, अहिंसा और भाईचारे के उस विचार की हत्या की थी जिसने देश को एकजुट रखा था।
राजनीतिक परिद्रश्य पर किया कटाक्ष
महात्मा गांधी की पुण्यतिथि पर कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने महात्मा गांधी के हत्यारे नाथूराम गोडसे को लेकर बड़ा बयान दिया है। इंदौर में मीडिया से बातचीत करते हुए जीतू पटवारी ने कहा कि नाथूराम गोडसे भारत का पहला आतंकवादी था, जिसने महात्मा गांधी की हत्या कर दी। उन्होंने कहा कि गोडसे ने सिर्फ एक व्यक्ति की हत्या नहीं की बल्कि उस विचार की हत्या की जिसने देश को प्रेम, अहिंसा, भाईचारे और मोहब्बत की राह दिखाई थी। पटवारी ने वर्तमान राजनीतिक परिदृश्य पर कटाक्ष करते हुए कहा कि वही पुरानी नफरत वाली विचारधारा आज लोकतंत्र को खत्म कर राजशाही लाने की कोशिश कर रही है।
मुंह से अंतिम शब्द निकले थे 'हे राम'
जीतू पटवारी ने कहा कि महात्मा गांधी ने पूरे देश को सत्य और अहिंसा का संदेश दिया। उनके अंतिम शब्द 'हे राम' इस बात का प्रतीक है कि वे जीवन के अंतिम क्षण तक पवित्र रहे। पटवारी ने कहा कि जिस विचारधारा ने गांधी की हत्या की। वही विचार आज भी देश में नफरत और हिंसा फैला रही है। यह सोच लगातार देश के लोगों को बांटने का काम कर रही है और भाई-भाई को एक-दूसरे के खिलाफ खड़ा कर रही है।
लोकतंत्र और मतदाता सूची पर क्या बोले पटवारी?
जीतू पटवारी ने कहा कि अब देश के नागरिकों को जागना होगा और सच्चाई को पहचानना होगा। उन्होंने आरोप लगाया कि लोकतंत्र को कमजोर करने के लिए मतदाता सूची से नाम काटने जैसे कदम उठाए जा रहे हैं। यह एक तरह से देश में लोकतंत्र को खत्म कर राजशाही जैसी व्यवस्था लाने की कोशिश है। पटवारी ने कहा कि जो लोग लोकतंत्र को बचाना चाहते हैं, उन्हें इस विचारधारा का विरोध करना चाहिए।

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