भोपाल। 
नीट अभ्यर्थियों को लेकर सोनम वांगचुक का अस्पताल में भी आमरण अनशन जारी है। साथ ही कॉकरोच जनता पार्टी के समर्थकों का जंतर-मंतर पर प्रदर्शन चल रहा है। इस प्रोटेस्ट को विपक्षी दलों का भी साथ मिला है। इस बीच मध्य प्रदेश से कांग्रेस सांसद विवेक तन्खा ने बड़ा ऐलान कर दिया है।
मैं सांसद रहना पसंद नहीं करूंगा
कांग्रेस के राज्यसभा सांसद विवेक तन्खा ने एक्स पर लिखा है कि वांगचुक जी का अनिश्चितकालीन उपवास खत्म हो, यह सुनिश्चित करना संसद, सरकार और न्यायपालिका- सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। अगर उन्हें कोई नुकसान पहुंचता है तो यह हम सबकी सामूहिक विफलता होगी। अगर ऐसा होता है तो कम से कम मैं सांसद बने रहना बिल्कुल पसंद नहीं करूंगा।
23 दिन से भूख हड़ताल पर हैं सोनम वांगचुक
एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक बीते 23 दिनों से भूख हड़ताल पर हैं। वह पहले जंतर मंतर पर उपवास कर रहे थे। तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें उठाकर सफदरजंग अस्पताल ले जाया गया है। वहां भी वह अनशन जारी है। साथ ही उन्होंने प्रशासन को पत्र लिखा है कि मुझे जंतर मंतर जाने दिया जाए।
कौन हैं विवेक तन्खा
विवेक तन्खा वरिष्ठ अधिवक्ता हैं। वह कांग्रेस पार्टी से राज्यसभा सांसद हैं। वह मुखर होकर अपनी बातों को रखते हैं। साथ ही सामाजिक मुद्दों पर सक्रिय रहते हैं। सांसद विवेक तन्खा जबलपुर से आते हैं। गौरतलब है कि नीट मामले में कॉकरोच जनता पार्टी का प्रदर्शन लगातार दिल्ली में जारी है। प्रदर्शन कर रहे लोगों की मांग है कि नीट पेपर लीक के मामले की जांच कराई जाए। साथ ही केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। मृतक नीट अभ्यर्थियों के परिजनों को एक-एक करोड़ रुपए की मुआवजा देने की मांग कर रहे हैं।