हार की बौखलाहट में भाषा की मर्यादा भूली कांग्रेस: भड़के सीएम मोहन यादव, बोले- खरगे सार्वजनिक माफी मांगें
भोपाल।
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर की गई टिप्पणी पर मध्य प्रदेश में सियासी पारा चढ़ गया है। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने इस बयान की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए खड़गे से सार्वजनिक माफी की मांग की है। मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष द्वारा प्रधानमंत्री पर की गई टिप्पणी बेहद आपत्तिजनक और दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस लगातार ऐसी गलतियां कर रही है, जिनका खामियाजा उसे चुनावों में भुगतना पड़ रहा है। कांग्रेस को अपने अतीत और व्यवहार पर आत्ममंथन करना चाहिए।
कांग्रेस ने अलगाववाद तत्वों को बढ़ावा दिया
सीएम यादव ने आगे कहा कि कांग्रेस ने अतीत में भी कई ऐसे कदम उठाए हैं, जिनके लिए आज तक माफी नहीं मांगी गई। कांग्रेस ने मीसा बंदी के दौरान विपक्ष के साथ जो व्यवहार किया, उसकी आज तक माफी नहीं मांगी। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने अलगाववादी तत्वों को बढ़ावा दिया और अब प्रधानमंत्री जैसे संवैधानिक पद पर बैठे व्यक्ति के खिलाफ इस तरह की भाषा का इस्तेमाल करना निंदनीय है। उन्होंने कहा कि चुनावी माहौल में डीएमके और कांग्रेस हार की आशंका से बौखलाई हुई हैं और इसी कारण इस तरह के बयान सामने आ रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि खरगे की टिप्पणी की मैं कटु शब्दों में निंदा करता हूं।
खड़गे ने बाद में बयान पर दी सफाई
बता दें कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि केंद्र सरकार विपक्ष को दबाने के लिए एजेंसियों और सरकारी तंत्र का दुरुपयोग कर रही है। उन्होंने कहा कि राजनीतिक दलों और नेताओं को डराने की कोशिश की जा रही है। चेन्नई में केसी वेणुगोपाल के साथ प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान खरगे ने एआईएडीएमके-बीजेपी गठबंधन की आलोचना करते हुए प्रधानमंत्री के लिए आतंकवादी शब्द का उपयोग किया। हालांकि बाद में मीडिया द्वारा सवाल पूछे जाने पर उन्होंने अपने बयान पर सफाई देते हुए कहा कि उनका मतलब था कि देश के लोकतांत्रिक ढांचे को डराने और कमजोर करने की कोशिश हो रही है।

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