भोपाल।
विधानसभा के बजट सत्र में शामिल होने पहुंचे नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने सरकार को घेरते हुए कहा कि बजट में केवल घोषणाएं नहीं, बल्कि जमीनी हकीकत पर बात होनी चाहिए। उन्होंने प्रदेश के कर्ज पर श्वेत पत्र लाने की मांग की। साथ ही कहा कि बजट में की गई घोषणाओं और उनकी वास्तविक स्थिति के अंतर को कांग्रेस सदन में उजागर करेगी। पुराने बजट की घोषणाओं पर भी चर्चा होनी चाहिए। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने भी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि तीन आरोपित मंत्रियों को बजट सत्र में बैठने का अधिकार नहीं है। उनका कहना था कि उन्होंने मुख्यमंत्री से आग्रह किया था कि ऐसे मंत्रियों को सदन में न बैठाया जाए। उन्होंने मंत्री विजय शाह का नाम लेते हुए कहा कि इस मुद्दे पर सरकार को जवाब देना चाहिए। इस बीच मुख्यमंत्री मोहन यादव, विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर और नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने विधानसभा पहुंचे राज्यपाल मंगूभाई पटेल का औपचारिक स्वागत किया गया। इसके कुछ देर बाद वंदे मातरम् के गायन के साथ सदन की कार्रवाई प्रारंभ हो गई है। बजट सत्र के पहले दिन सदन में सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बहस के आसार हैं।
विधानसभा पहुंचे राज्यपाल, वंदे मातरम् के साथ सदन की शुरुआत, तीखी बहस के आसार
मध्य प्रदेश विधानसभा का बजट सत्र आज, सोमवार से शुरू हो रहा है। सत्र की कार्यवाही सुबह 11 बजे राज्यपाल के अभिभाषण से प्रारंभ होगी। अभिभाषण में राज्य सरकार की नीतियों, आगामी योजनाओं और विकास की प्राथमिकताओं का खाका प्रस्तुत किया जाएगा। राज्यपाल के संबोधन के बाद सदन में धन्यवाद (कृतज्ञता) प्रस्ताव रखा जाएगा, जिस पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के सदस्य चर्चा करेंगे। इस दौरान सरकार की नीतियों और कार्यप्रणाली पर विस्तृत बहस होने की संभावना है। बजट सत्र के दौरान 18 फरवरी को वित्त मंत्री एवं उप मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा प्रदेश का आम बजट पेश करेंगे। इस बीच कांग्रेस ने भी विभिन्न मुद्दों को लेकर सरकार को घेरने की रणनीति तैयार की है, जिससे सदन में तीखी बहस के आसार हैं।