भोपाल। 
मध्य प्रदेश कांग्रेस में 780 ब्लाक कांग्रेस अध्यक्षों की सूची जारी होते ही पार्टी नेताओं की अंदरुनी कलह भी सामने आनी शुरु हो गई है। मंगलवार को प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने 780 ब्लॉक अध्यक्षों की लिस्ट जारी की थी। लेकिन इस लिस्ट के जारी होते ही पुराने नेताओं और नई नेताओं के बीच घमासान छिड़ गया है। वैसे ये ब्लाक अध्यक्षों की सूची संगठन को मजबूत करने की कोशिश बताई जा रही है लेकिन नई नियुक्तियों पर असंतोष भी पनपना शुरु हो गया है।
रतलाम ग्रामीण जिला कांग्रेस अध्यक्ष ने दिया था इस्तीफा
मंगलवार रात को जारी हुए सूची के बाद रतलाम ग्रामीण जिला कांग्रेस अध्यक्ष हर्ष विजय गेहलोत ने इस्तीफा दे दिया था। जिसको गुटबाजी के तौर पर देखा जा रहा है। खबर ये है कि  यह इस्तीफा  जीतू पटवारी और कमलनाथ के बीच की पुरानी तनातनी को सुलगा रहा है। ब्लॉक स्तर पर नियुक्तियां गुटों के बीच बंटवारे का रूप ले रही हैं।
ये है असंतोष की वजह
दरअसल जीतू पटवारी ने अपने दो साल के कार्यकाल के अंतिम दिनों में यह कदम उठाया है। जीतू पटवारी का कहना है कि  यह फेरबदल संगठन को मजबूत करने के लिए है। लेकिन इस दावे के विपरीत सूची जारी होने के एक दिन बाद ही छिंदवाड़ा, नरसिंहपुर में सवाल उठे हैं। बात सामने आ रही है कि इन नियुक्तियों में कमलनाथ गुट को ज्यादा प्रतिनिधित्व नहीं मिला है जिससे चिंगारी भड़क रही है ।
जीतू पटवारी इस बदलाव से संगठन मजबूती की दिशा में बता रहे कदम
वैसे इसी साल जनवरी में कमलनाथ ने गुटबाजी की अफवाहों को नकारा था लेकिन ब्लाक अध्यक्षों को लेकर जो घटनाक्रम सामने आ रहा वो सब बयान कर रहा है। वैसे जीतू पटवारी इस बदलाव से संगठन मजबूती की दिशा में बता रहे हैं । लिहाजा देखने दिलचस्प होगा आने वाले दिनों में ये खींचतान कहां तक पहुंचती है।