Ranchi Liquor Shop Update: 8 शराब दुकानों का नवीकरण नहीं, नई नीति का असर साफ
Ranchi Liquor Shop से जुड़ी बड़ी खबर राजधानी रांची से सामने आई है। आगामी वित्तीय वर्ष 2026–27 के लिए खुदरा शराब कारोबार में अहम बदलाव देखने को मिल रहा है। रांची में पांच ग्रुप की कुल आठ खुदरा शराब दुकानों के नवीकरण के लिए आवेदन नहीं आए हैं। इसका साफ मतलब है कि मौजूदा संचालकों ने इन दुकानों को सरेंडर करने का फैसला किया है और वे नए वित्तीय वर्ष से शराब की खुदरा बिक्री से बाहर हो जाएंगे।
इस बदलाव के पीछे सितंबर 2025 से लागू हुई राज्य की नई उत्पाद नीति को अहम कारण माना जा रहा है। Ranchi Liquor Shop व्यवस्था के तहत अब राज्य भर में शराब की खुदरा दुकानें निजी हाथों में संचालित हो रही हैं। हालांकि नीति लागू हुए अभी चार महीने ही हुए हैं, लेकिन इसके बावजूद कई दुकानदारों का इस नई व्यवस्था से मोह भंग होता नजर आ रहा है।
सूत्रों के अनुसार, जिन दुकानों का नवीकरण नहीं कराया गया है, वहां अपेक्षित आय नहीं हो पा रही थी। दुकानदारों का कहना है कि नई नीति के तहत लागत अधिक है, जबकि मुनाफा उम्मीद से कम मिल रहा है। इसी वजह से उन्होंने वित्तीय वर्ष 2026–27 के लिए नवीकरण से दूरी बना ली। यह स्थिति साफ तौर पर Ranchi Liquor Shop कारोबार में दबाव को दर्शाती है।
उत्पाद एवं मद्य निषेध विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिन दुकानों के नवीकरण आवेदन नहीं आए हैं, उनकी बंदोबस्ती नए सिरे से की जाएगी। इसके लिए जल्द ही आवेदन आमंत्रित किए जाएंगे और ई-लॉटरी के माध्यम से इन दुकानों का आवंटन होगा। विभाग की कोशिश है कि अप्रैल से पहले पूरी प्रक्रिया पूरी कर ली जाए, ताकि नए सत्र में किसी तरह की बाधा न आए।
वर्तमान में रांची में कुल 87 ग्रुप के अंतर्गत 150 खुदरा शराब दुकानें हैं। इनमें से 82 ग्रुप की 142 दुकानों के नवीकरण आवेदन मिल चुके हैं, जबकि पांच ग्रुप की आठ दुकानों के आवेदन नहीं आए। जिन दुकानों का नवीकरण नहीं हुआ है, उनमें मोरहाबादी नंबर वन, चंदवे, टीपूदाना, लालपुर की दो दुकानें, सर्जना चौक और पुंदाग शामिल हैं। पूरे झारखंड में फिलहाल 1343 खुदरा शराब दुकानें संचालित हो रही हैं।

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