जबलपुर। 
कटनी से जालना महाराष्ट्र जा रही कार से हवाला के 2.96 करोड़ रुपये लूटने के मामले में मुख्य आरोपी SDOP पूजा पांडे की जमानत याचिका हाईकोर्ट ने खारिज कर दी है। जस्टिस देवनारायण मिश्रा की एकलपीठ ने याचिका की सुनवाई करते हुए कहा कि कानून की रक्षा करने वाले ही गंभीर अपराध में शामिल है। उन्हें जमानत का लाभ नहीं दिया जा सकता है। हाईकोर्ट के सख्त रवैये को देखते हुए जमानत याचिका वापस लेने का आग्रह किया गया। एकलपीठ ने आवेदन को स्वीकार करते हुए याचिका को खारिज कर दिया।
गौरतलब है कि 8 और 9 अक्तूबर की दरम्यानी रात सिवनी के लखनवाडा थानान्तर्गत सीलादेही बाईपास पर कटनी से जालना जा रही कार को रोककर पुलिस कर्मियों ने उसमें रखे 2.96 करोड़ की लूटे थे। महिला एसडीओपी पूजा पांडे किसी अन्य व्यक्ति से फोन पर निर्देश प्राप्त कर पुलिस टीम का नेतृत्व कर रही थी। पुलिस ने 11 अक्तूबर को महिला एसडीओपी के घर से 1 करोड़ 45 लाख रुपये नकद बरामद किये थे। पुलिस ने 14 अक्तूबर को महिला एसडीओपी व 11 पुलिसकर्मियों के खिलाफ डकैती का प्रकरण दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार किया गया। जिला न्यायालय से जमानत याचिका खारिज होने के कारण आरोपी निलंबित एसडीओपी ने हाईकोर्ट की शरण ली थी। जमानत याचिका का मंगलवार को हुई सुनवाई के दौरान शासन की तरफ से बताया गया कि एसआईटी की अभी लंबित है। प्रकरण में एक पुलिस अधिकारी, एक आरक्षक सहित दो सिविलियन को प्रकरण में आरोपी बनाया गया है। प्रकरण में जांच जारी है। ऐसी स्थिति में आरोपी को जमानत का लाभ प्रदान नहीं किया जाये। एकलपीठ ने याचिका की सुनवाई करते हुए उक्त तल्ख टिप्पणी की। एकलपीठ के सख्त रवैये को देखते हुए जमानत आवेदन वापस लेने का आग्रह किया गया। एकलपीठ ने आग्रह को स्वीकार करते हुए याचिका को खारिज कर दिया।