राजगढ़।

मध्य प्रदेश के खिलचीपुर में पुलिस को उस समय लेने के देने पड़ गए जब वे सिविल ड्रेस में स्मैक की तस्करी कर रहे तीन लोगों को पकड़ने का प्रयास कर रहे थे। पुलिस वालों ने जैसे ही आरोपियों को पकड़ा तो वह चिल्लाने लगा। ग्रामीणों ने सादी वर्दी में पुलिस वालों को अपहरणकर्ता समझ लिया और कार पर पत्थर मारना शुरू कर दिया। बाद में कार रोककर पुलिसवालों की पिटाई भी कर दी। सूचना मिलने पर मुख्यालय से पहुंची पुलिस ने उन्हें बचाया। 
जानकारी अनुससार राजगढ़ जिले के खिलचीपुर के अभयपुर गांव में आरोपी को पकड़ने गई पचोर पुलिस पर ग्रामीणों ने हमला कर दिया। इस हमले में दो पुलिसकर्मी घायल हो गए। जबकि उनके वाहनों में भी तोड़फोड़ की गई। इस घटना के बाद पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि दो आरोपी अभी फरार है। खिलचीपुर SDOP धर्मवीर सिंह ने बताया कि पचोर पुलिस सिविल ड्रेस में किसी मामले में आरोपी की तलाश में आई थी। इसी दौरान रेलवे ब्रिज के पास उन्हें तीन संदिग्ध व्यक्ति दिखाई दिए। जिन्हें रोकने का प्रयास किया तो ग्रामीणों ने पुलिस पथराव कर दिया। इस घटना में आरक्षक अरविंद गोयल और गौरव सिंह घायल हो गए। इस बीच ग्रामीणों ने दोनों पुलिसकर्मियों को घेर लिया। इसके बाद जिले की पुलिस मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों से छुड़ाया गया।
पुलिस को समझा अपहरणकर्ता, पुलिस से मारपीट कर दी
ग्रामीणों ने बताया कि हनुमानजी के चबूतरे के पास एक कार से चार लोग उतरे और उन्होंने एक युवक को पकड़ लिया। इस पूरे मामले को ग्रामीणों ने अपहरण की कोशिश समझा। इसके बाद ग्रामीणों ने कार का पीछा किया और कार को रोककर पुलिसकर्मियों के साथ मारपीट कर दी। इस दौरान कार में भी तोड़फोड़ की गई। इसके बाद जिले भर से पुलिस फोर्स अभयपुर गांव पहुंचा। जहां से घायल पुलिसकर्मियों को ग्रामीणों से छुड़वाकर अस्पताल पहुंचाया गया।