सिवनी। 
3 करोड़ रुपये के हवाला मामले में सिवनी जिले के 11 में से 10 पुलिसकर्मियों को बुधवार को गिरफ्तार कर लिया गया है। सभी को न्यायालय पेश किया गया। उन पर डकैती, अपहरण और आपराधिक षडयंत्र जैसे गंभीर आरोप हैं। विशेष जांच दल (एसआईटी) मामले की जांच कर रहा है। न्यायालय में खचाखच भीड़ के बीच में सभी आरोपियों को ले जाने के बाद कोर्ट से जब उन्हें 2 दिन के रिमांड व स्वास्थ्य परीक्षण के लिए जिला अस्पताल भेजा गया। उस दौरान जब आरोपी कोर्ट से बाहर निकले तब न्यायालय परिसर में वकीलों और आमजनों की बड़ी संख्या में भीड़ मौजूद थी। कोर्ट परिसर पूरी तरह खचाखच भरा हुआ था। पुलिस के एक के बाद एक वाहनों में सभी को बैठा कर सबसे पहले जिला अस्पताल स्वास्थ्य परीक्षण के लिए ले जाया गया। वहीं एसडीओपी पूजा पांडेय की गोद में उनका बच्चा भी था। छिंदवाड़ा रेंज के डीआईजी राकेश कुमार सिंह ने पुष्टि की है कि गिरफ्तार किए गए पुलिसकर्मियों में निलंबित एसडीओपी पूजा पांडे, एसआई अर्पित भैरम, हेड कांस्टेबल माखन इनवती, कांस्टेबल योगेंद्र चौरसिया, नीरज राजपूत, जगदीश यादव, गनमैन केदार बघेल, एसडीओपी कार्यालय चालक रितेश वर्मा, रीडर हेड कांस्टेबल रवींद्र उइके और सुभाष सदाफल शामिल हैं। हेड कांस्टेबल राजेश जंघेला की तलाश जारी है। प्रारंभिक जांच और अपराध विवरण - जबलपुर रेंज के आईजी प्रमोद कुमार वर्मा के निर्देशों के बाद, एएसपी आयुष गुप्ता ने निलंबित अधिकारियों के संदिग्ध व्यवहार पर एक प्रारंभिक रिपोर्ट तैयार की। सभी संबंधित अधिकारियों के बयान दर्ज किए गए हैं।