खरगोन। 
कुत्ते की रखवाली नहीं कर पाने के आरोप में आरआई द्वारा कांस्टेबल के साथ मारपीट करने का मामला सामने आया है. बताया जा रहा है कि आरआई का पालतू कुत्ता गुम हो गया. जब आरआई अपने बंगले पर पहुंचा तो उसे कुत्ता दिखाई नहीं दिया. जिसके बाद आरआई साहब ड्यूटी पूरी कर वापस जा चुके कांस्टेबल के घर पहुंचे. रात के 1 बजे उसे गाड़ी पर बैठा के अपने बंगले पर लाए और मारपीट की.
नौकरी से हाथ धो बैठने की दी धमकी
आरक्षक राहुल चौहान ने बताया कि "रक्षित निरीक्षक (आरआई) के बंगले पर कुत्ते और बच्चे की देखरेख के लिए हमें तैनात किया गया था. 23 अगस्त की रात लगभग डेढ़ बजे आरआई सौरभ कुशवाह मेरे घर पर आया, मुझे गाड़ी में बैठाया और बंगले पर ले जाकर बंद कमरे में बेल्ट से पिटाई की." उन्होंने आरोप लगाया है कि सौरभ कुशवाह ने उसे जातिसूचक गालियां दी और मोबाइल भी छीन लिया. इसके साथ ही धमकी दी गई कि 'अगर कुत्ता नहीं मिला, तो नौकरी से हाथ धो बैठोगे.
सड़क पर उतरे जयस कार्यकर्ता
घटना को लेकर जब कोई सुनवाई नहीं हुई तो जयस (जय आदिवासी युवा शक्ति) संगठन सड़क पर उतर कर विरोध प्रदर्शन करने लगे. जयस ने पहले अजाक थाने का घेराव किया. जिसके बाद शाम को खंडवा-वडोदरा हाईवे जाम कर दिया गया. प्रदर्शनकारियों का कहना था कि "अगर पुलिस का जवान ही सुरक्षित नहीं है तो आम जनता का क्या होगा?
एफआईआर की मांग पर अड़े प्रदर्शनकारियों को मनाने के लिए एसडीएम, एसडीओपी और टीआई को मौके पर पहुंचे. लेकिन प्रदर्शन रात 12 बजे तक चलता रहा. जयस के जिला संरक्षक सुभाष पटेल ने कहा, "आरआई को बर्खास्त किया जाए और उसके खिलाफ एससी-एसटी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर जेल भेजा जाए."
आरआई ने आरोपों को बताया ड्रामा
वहीं, आरआई सौरभ कुशवाह ने सभी आरोपों से इनकार किया है. उनका कहना है कि "आरक्षक ड्यूटी के दौरान शराब के नशे में था और घर का सामान बिखेर दिया." उन्होंने दावा किया कि आरक्षक ने बंगले के पालतू बीगल नस्ल के कुत्ते को नाले में फेंक दिया, जो बाद में बरामद हो गया.
आरआई का यह भी दावा है कि मेडिकल में केवल शराब सेवन की ही पुष्टि हुई, चोटों की कोई जानकारी नहीं दी गई. आरआई सौरभ कुशवाह का कहना है कि "खुद को बचाने के लिए अब मारपीट के आरोप लगा रहा है. उसकी पत्नी ने खुद हमारे स्टाफ के सामने उसे शराबी बताया था."