पटना में प्रधानमंत्री

16 October 2017

बच्चा अपने पिता से मनुहार करता है, प्लीज मुझे ये खिलौने वाली कार दिला दो...तो उसे बड़े प्यार से जवाब मिलता है....अच्छे बच्चे, थोड़ा इंतजार करो, फिर मैं तुम्हें खिलौने वाली क्या, असली कार दिला दूंगा। बच्चा समझ नहींपाता, कि हंसे या रोए। उसकी मांग पूरी नहींहुई, और वादा ऐसा…

जीवन-मृत्यु का अधिकार, व्यक्ति और राज्य

14 October 2017

न्यायिक प्रक्रिया में इस प्रयत्न के दोषी को उसकी स्वतंत्रता का अपहरण करने के लिए जेल में डाला जाता है तो भी निर्देश होता है कि उसे ऐसे प्रयत्नों से बचाया जाये। अंग्रेजों के समय में भी इस डर से कि जेल जाने वाले कहीं निराशा या हताशा में अपना…

ये मैरेज नहीं मिराज है

12 October 2017

महिला और बालअधिकारों की दृष्टि से सुप्रीम कोर्ट ने एक महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है। देश की सबसे बड़ी अदालत ने कहा है कि नाबालिग पत्नी के साथ शारीरिक संबंध रेप माना जाएगा। सुप्रीम कोर्ट ने आईपीसी की उस धारा 375(2) को गैर संवैधानिक बताया, जिसके मुताबिक 15 से 18 साल…

क्या विज्ञान अंधश्रद्धा के हमले के आगे ठहर पाएगा?

11 October 2017

कुछ वर्ष पहले, हमारे प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मुंबई के एक आधुनिक अस्पताल का उद्घाटन करते हुए अपने श्रोताओं को यह याद दिलाया कि प्राचीन भारत ने विज्ञान के क्षेत्र में कितनी जबरदस्त प्रगति की थी। 'एक समय हमारे देश ने चिकित्सा विज्ञान में जो प्रगति की थी, उस पर…

इतिहास बन गया जंतर-मंतर

10 October 2017

1724 में महाराजा जयसिंह द्वितीय ने ग्रहों की स्थिति, वक्त और दिन-रात मापने के लिए जंतर-मंतर का निर्माण कराया था। दरअसल मोहम्मद शाह के शासनकाल में हिंदू और मुस्लिम खगोलशास्त्रियों में ग्रहों की स्थिति पर बहस छिड़ी हुई थी। तब समरकंद की वेधशाला से प्रेरणा लेकर जयसिंह द्वितीय  ने इस…

दिवाला निकाल कर दीवाली मनाने का ऐलान

09 October 2017

1 जुलाई को आर्थिक आजादी मनाने के दो ही महीने बाद प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और वित्त मंत्री को यह नजर आया कि बाकी दलों की तरह चुनाव जीतने के लिए भाजपा को भी वोट चाहिए। अभी पार्टी इतनी सशक्त नहीं हुई है कि मतदाताओं के बिना ही हिंदुस्तान पर राज…

नूतन का नू बना न्यू और तन बना टन हो गया न्यूटन

08 October 2017

नूतन कुमार को अपना ये नाम बिलकुल पसंद नहीं था। दोस्त उसे  चिढ़ाते थे और फिर दसवीं कक्षा में उसने यह क्रांति कर ही दी।  अपने नाम में से नूतन का नू बनाया न्यू और तन को हटा कर  बना दिया टन, बन गया  न्यूटन, न्यूटन कुमार। 

 न्यूटन को ऑस्कर…

क्या फिल्मी सितारे तमिलनाडु को बचा पाएंगे?

07 October 2017

सत्तारूढ़ ऑल इंडिया अन्ना डीएमके अभी तक अपने आंतरिक संघर्षों से ही जूझ रहा है। उनके अलग अलग गुट पार्टी को अपनी-अपनी दिशा में खींच रहे हैं। इस बीच इन दो सितारों के राजनीति में आने से सत्तारूढ़ पार्टी की उलझनें और भी बढ़ सकती हैं। तमिलनाडु में राजनीति और…

कब तक मारे जाएंगे दलित?

05 October 2017

तुमने मूंछे रखने की हिमाकत कैसे की? मूंछे रखकर क्या राजपूत बन जाओगे? दलित होकर भी तुमने ऊंची जाति वालों के साथ गरबा खेलने का पाप कैसे किया? यहां सवर्ण लोग गरबा खेल रहे हैं, तुम्हारी हिम्मत कैसे हुई कि तुम उनका नृत्य देखो। इस गलती की सजा तो मिलनी…

हथियार लॉबी : नया आतंकी संगठन

04 October 2017

कैसिनो और नाइट लाइफ के लिए मशहूर अमरीका का लास वेगास शहर इस बार एक खूनी खेल के लिए सुर्खियों में है। रविवार रात एक संगीत कार्यक्रम में मौजूद लगभग 22 हजार की भीड़ पर अंधाधुंध फायरिंग हुई। इस हमले में अब तक 59 लोगों की मौत की खबर है,…

इतिहास में झांकने की जरूरत

03 October 2017

उत्तरप्रदेश और बिहार के कई जिलों में मुहर्रम के मौके पर हिंसा भड़क गई..देश में पिछले कुछ समय से जिस तरह का जहर समाज में भर दिया गया है, उसमें दो धर्मों के आयोजनों में इस तरह की हिंसा का होना अब अनोखी बात नहीं रह गई है। अपराध मुक्त…

यात्रियों की मौत उन्हें खींचकर ले गई

02 October 2017

मुंबई के एलफिंस्टन रेलवे स्टेशन के पुल पर दशहरे से एक दिन पहले भगदड़ मच गई और 23लोग मर गए। आप कह सकते हैं, इसमें कौन सी बड़ी बात है। इतना बड़ा देश है, इतनी सघन आबादी है, उसमें कहींन कहीं, कोई न कोई हादसा होता ही रहता है और…

'शुभचिंतक बाप और नालायक बेटे' की ग्रंथि से पीड़ित हैं मुलायम सिंह

29 September 2017

हम जानते हैं कि जब तक पार्टियां खुलकर सामने आतीं व खालिस राजनीति करती हैं, साथ ही किन्हीं विचारों व सिद्धांतों से बंधी रहती हैं, उनकी कार्रवाइयों की बाबत अनुमान लगाना मुश्किल नहीं होता। इसके उलट वे अस्मिताओं, पहचानों और विरासतों वगैरह का घालमेल करने लगती हैं तो गिरोहों में…

स्वर्ग से वापस धरती पर

28 September 2017

अगली सुबह हम दिल्ली के लिए निकल पड़े। फिर सेव और आलूबुखारे के बगीचे देखे। सड़क किनारे सजी फलों की दूकानें देखीं। पहाड़ी सड़कों के मोड़ धीरे-धीरे कम होते गए। ऊंचे-ऊंचे वृक्ष पीछे छूटते चले गए। हम जैसे पिछले दस दिन से किसी सम्मोहन में बंधे हुए थे। पिंजौर (चंडीगढ़)…

औरतों के सशक्तिकरण के कदम

27 September 2017

सच है, मोदी ने महिला को पहली बार रक्षामंत्री बनाया है। यह पहले के मुकाबले काफी हटकर है। यहां तक कि अत्यंत शक्तिशाली इंदिरा गांधी भी केवल विदेश मंत्रालय रखती थीं। लेकिन विदेश और रक्षा, दोनों को महिलाओं के पास देना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से उठाया गया एक…

न्याय सुरक्षा आजादी, मांगे आधी आबादी

25 September 2017

न्याय सुरक्षा आजादी, मांगे आधी आबादी, ऐसे नारों के साथ प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र की छात्राएं आंदोलनरत हैं। इन मांगों में ऐसा क्या आपत्तिजनक है कि इसके लिए विद्यार्थियों को पुलिस की लाठियां खानी पड़ीं? जो पार्टी आधी आबादी पर आधा दर्जन नारे गढ़ कर सत्ता में आती है, क्या…

आरएसएस के हृदय परिवर्तन की खोज में

23 September 2017

इसे सिर्फ संयोग मानना मुश्किल है कि इससे एक-दो रोज पहले ही, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी, स्वामी विवेकानंद के शिकागो संबोधन की 125वीं सालगिरह पर अपने संबोधन में, विवेकानंद के ही हवाले से 'क्या खाना है, क्या नहीं खाना है' के विवाद की निरर्थकता पर जोर दिया था। लेकिन,…

1905 वाली समझदारी दिखाने का वक्त

22 September 2017

भारत की एकता में सेंध लगाने के लिए 1905 में अंग्रेजों ने बंग-भंग नाम का बारूद इस्तेमाल किया था। तब देश के सभी क्षेत्रों के बड़े नेताओं की समझदारी ने सांप्रदायिक वैमनस्य पैदा करने वाले इस राजनीतिक हथियार को नाकाम कर दिया था। अंग्रेज शासकों को यह प्रस्ताव वापस लेना…

परमाणु खतरा और स्तानिस्लाव पेत्रोव का धैर्य

21 September 2017

द्वितीय विश्वयुद्ध में परास्त शत्रु राष्ट्रों को पूरी तरह कुचल देने के लिए अमरीका ने जापान पर परमाणु बम गिरा दिया। अगस्त 1942 में हिरोशिमा और नागासाकी पर हुए इस हमले की तबाही के निशान आधी सदी बीत जाने के बाद भी देखे जा सकते हैं। इन हमलों से जापान…

बच्चों से दुश्मनी

20 September 2017

उत्तरप्रदेश के अलीगढ़ में चाचा नेहरू मदरसे के वाटर कूलर में जहर मिलाने की घटना पर समाज को सचेत हो जाना चाहिए। गनीमत है कि इस घटना से मदरसे में पढ़ने वाले बच्चे प्रभावित नहीं हुए, अन्यथा कोई गंभीर हादसा हो सकता था। खबर है कि अल नूर चेरिटेबल ट्रस्ट…

भड़ास ही माध्यम है

19 September 2017

बहुत पहले मार्शल मैकलुहान ने कहा था कि माध्यम ही संदेश है। उनकी दूरदृष्टि ने शायद भांप लिया था किआने वाले समय में जब सूचनाएं, संचार क्रांति के पंखों पर सवार होकर एक जगह से दूसरे जगह पहुंचेंगी, तो उनका क्या प्रभाव होगा। इंटरनेट के आने से पहले तक सूचना…

इत्ता-इत्ता पानी

18 September 2017

हवन और वैदिक मंत्रोच्चार के साथ आखिरकार देश के सबसे बड़े और दुनिया के दूसरे सबसे बड़े बांध सरदार सरोवर का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने किया। गुजरात में बने इस बांध का उद्घाटन मोदीजी के जन्मदिन पर हो, यह राजनीतिक संयोग सोच-समझकर बनाया गया लगता है। चाटुकार यह कहने…

छात्रसंघ चुनावों के संदेश

16 September 2017

जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय और दिल्ली विश्वविद्यालय यानी जेएनयू और डीयू के छात्रसंघ चुनावों के जो नतीजे आए हैं, उन्हें केवल छात्र राजनीति के सीमित संदर्भों में नहींदेखा जाना चाहिए। वह वक्त शायद बीत चुका है, जब कैैंपस की राजनीति का केेंद्र की राजनीति से खास लेना-देना नहींहोता था। पहले बड़े…

छात्रसंघ चुनावों के संदेश

15 September 2017

जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय और दिल्ली विश्वविद्यालय यानी जेएनयू और डीयू के छात्रसंघ चुनावों के जो नतीजे आए हैं, उन्हें केवल छात्र राजनीति के सीमित संदर्भों में नहींदेखा जाना चाहिए। वह वक्त शायद बीत चुका है, जब कैैंपस की राजनीति का केेंद्र की राजनीति से खास लेना-देना नहींहोता था। पहले बड़े…

राहुल गांधी का अच्छा भाषण

14 September 2017

कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी ने अमरीका के बर्कले में जो भाषण दिया, उसका राजनीतिक महत्व समझना हो तो दिग्गज भाजपाइयों की प्रतिक्रियाओं और टिप्पणियों पर गौर फरमाना चाहिए। केन्द्रीय मंत्री राजनाथ सिंह, रविशंकर प्रसाद, स्मृति ईरानी, और जितेन्द्र सिंह आदि कई लोगों ने राहुल गांधी पर जवाबी हमला करने में…

महिलाओं के आत्मनिर्भर बनने की राह

13 September 2017

भारत में रोजगार सृजन के नए अवसर जुटाने, विभिन्न क्षेत्रों में बिखरे हुए कौशल को विकसित होने और देश को आत्मनिर्भर बनाने जैसे बड़े उद्देश्यों के साथ प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना की शुरुआत नरेन्द्र मोदी ने की थी। इसके लिए बाकायदा कौशल विकास और उद्यम मंत्रालय का गठन किया गया,…

गौरी लंंकेश को श्रद्धांजलि

07 September 2017

नरेन्द्र दाभोलकर, गोविंद पानसरे, एम एम कलबुर्गी के बाद अब वरिष्ठ पत्रकार गौरी लंकेश की गोली मारकर हत्या कर दी गई। बंगलुरू में उन्हें उनके घर पर गोलियों से वैसे ही छलनी किया गया जैसे श्री कलबुर्गी की हत्या की गई थी। इसके पहले नरेन्द्र दाभोलकर व गोविंद पानसरे को…

किस आधार पर बंटे विभाग?

06 September 2017

मोदी मंत्रिमंडल में तीसरी बार फेरबदल और विस्तार हुआ है और अभी यह कहा नहीं जा सकता कि यह अंतिम फेरबदल है। अभी डेढ़ साल का सफर और तय करना है, और अगले चुनावों की तैयारी भी, तो मुमकिन है क्षेत्रीय, जातीय आधार पर एकाध बार बदलाव और हो। बहरहाल,…

एक बलात्कारी बाबा के आगे लाचार सत्ता तंत्र

05 September 2017

किसी भी सरकार का पहला दायित्व नागरिकों के जान-माल की रक्षा करना और कानून-व्यवस्था बनाए रखना होता है। पर खट्टर सरकार न सिर्फ  इस बार बल्कि इससे पहले भी कई बार बुरी तरह नाकाम साबित हुई है। जाट आरक्षण आंदोलन के समय तो जैसे सरकार नाम की कोई चीज ही…

सोचा समझा फेरबदल

04 September 2017

मोदी सरकार में मध्यावधि में मंत्रिमंडल फेरबदल और विस्तार हुआ है, जिसकी प्रतीक्षा, अनुमान और जरूरत एक अरसे से व्यक्त की जा रही थी। मंत्रिमंडल में काफी लंबे समय से कई रिक्तताएं थीं और कुछ मंत्रियों को एक साथ कई मंत्रालय संभालने पड़ रहे थे। इसलिए जरूरी था कि नए…